कांग्रेस ने मुख्यमंत्री बघेल को हिमाचल प्रदेश व स्वास्थ्य मंत्री सिंहदेव को गुजरात विधानसभा चुनाव में बनाया पार्टी का सीनियर ऑब्जर्वर

Featured Latest खास खबर छत्तीसगढ़ बड़ी खबर राजनीती
Spread the love

०० कांग्रेस हाईकमान ने छत्तीसगढ़ में पार्टी नेतृत्व के सबसे बड़े चेहरों को गुजरात और हिमाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव की सौंपी बड़ी जिम्मेदारी

रायपुर| कांग्रेस हाईकमान ने छत्तीसगढ़ में पार्टी नेतृत्व के दो सबसे बड़े चेहरों को गुजरात और हिमाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव की बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को हिमाचल प्रदेश चुनाव में पार्टी का सीनियर ऑब्जर्वर बनाया गया है वहीं स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव को गुजरात विधानसभा चुनाव में ऑब्जर्वर की जिम्मेदारी मिली है।

 

यह भी पढ़े :

मुख्यमंत्री की घोषणा पर त्वरित अमल : सरगुजा के धौरपुर में आज से शुरू होगा एसडीएम कार्यालय

 

 

कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव केसी वेणुगोपाल ने मंगलवार को बताया है, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने हिमाचल प्रदेश चुनाव में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को सीनियर ऑब्जर्वर बनाया है। सचिन पायलट और प्रताप सिंह बाजवा को वहां ऑब्जर्वर बनाया गया है। वहीं राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को गुजरात विधानसभा चुनाव में पार्टी का सीनियर ऑब्जर्वर बनाया गया है। टीएस सिंहदेव और मिलिंद देवड़ा को गहलोत की टीम में ऑब्जर्वर बनाकर शामिल किया गया है। इन दोनों प्रदेशों में इस साल नवम्बर-दिसम्बर में विधानसभा चुनाव होना हैं। हिमाचल प्रदेश में 68 सीटों पर चुनाव होना है। पिछले चुनाव में यहां से भाजपा ने 44 सीट जीतकर सत्ता पर कब्जा किया था।

 

 

यह भी पढ़े :

क्रिश्चियन यूथ फैलोशिप (सीवायएफ) ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का किया सम्मान

 

 

कांग्रेस को केवल 19 सीटें मिलीं। वहीं एक सीट कम्यूनिट पार्टी ऑफ इंडिया- के पास है। यहां 1985 के बाद से हर बार सत्ता कांग्रेस-भाजपा के बीच बंटती रही है। इस बार आम आदमी पार्टी ने भी हिमाचल में ताकत झोंक रखी है। पड़ोसी पंजाब की सत्ता में हाेने से उनकी ताकत भी बढ़ी है। गुजरात विधानसभा की 182 सीटों पर चुनाव प्रस्तावित है। पिछले चुनाव में यहां की 111 सीटों पर भाजपा ने कब्जा कर सरकार बनाई। वहीं 64 सीटों पर कांग्रेस का कब्जा है। 1990 में कांग्रेस यहां की सत्ता से बाहर हुई तो अब तक यहां भाजपा का एकछत्र राज्य है। कांग्रेस को यहां अभी भी खोई हुई जमीन की तलाश है। वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भरोसे भाजपा यहां जीत सुनिश्चित करने में कोई कसर छोड़ना नहीं चाहती।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *