रायपुर। राजधानी रायपुर में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट (ACCU) और थाना न्यू राजेन्द्र नगर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा और पेमेंट गेट-वे पैनल संचालित करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। इस कार्रवाई में रायपुर से 2 और गोवा से 5 आरोपियों सहित कुल 7 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस के मुताबिक आरोपी प्रतीक कुमार और सैंकी देवड़ा हाल ही में दुबई से लौटे थे और पेमेंट गेट-वे पैनल का संचालन कर रहे थे। गिरोह भारत सहित विदेशों में ऑनलाइन क्रिकेट पैनलों का संचालन कर रहा था। एसीसीयू की टीम ने सतत मॉनिटरिंग और तकनीकी विश्लेषण के जरिए नेटवर्क को ट्रैक कर कार्रवाई की। पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं साइबर) स्मृतिक राजनाला और पुलिस उपायुक्त (वेस्ट जोन) संदीप पटेल के निर्देशन में कार्रवाई को अंजाम दिया गया।
25 फरवरी 2026 को सूचना मिली थी कि थाना न्यू राजेन्द्र नगर क्षेत्र में मुक्तिधाम के पास एक चारपहिया वाहन में बैठे कुछ लोग ऑनलाइन सट्टा संचालित कर रहे हैं। मौके पर पहुंची टीम ने वाहन से प्रतीक कुमार वीधवानी और सैंकी देवड़ा को पकड़ा। उनके मोबाइल फोन की जांच में 23exch9.com, allpenalexch.com और 99.com जैसी बेटिंग साइट्स के मास्टर आईडी बनाकर सट्टा संचालन का खुलासा हुआ। पूछताछ में गोवा में बैठे अन्य साथियों की जानकारी मिली, जिसके बाद टीम ने गोवा में रेड कर 5 और आरोपियों को गिरफ्तार किया। गोवा में किराये के मकान में बाकायदा ऑफिस सेटअप कर पेमेंट गेट-वे पैनल संचालित किया जा रहा था।
जांच में सामने आया कि आरोपी 431 म्यूल बैंक खातों के जरिए सट्टे की रकम डिपॉजिट और विड्रॉल कर रहे थे। व्हाट्सएप ग्रुप “जयदेव ग्रुप” और “जेएमके ग्रुप” के माध्यम से लेन-देन संचालित किया जा रहा था। विभिन्न बैंकों में खोले गए खातों के जरिए करोड़ों रुपये के ट्रांजेक्शन की जानकारी मिली है।
क्रिप्टो करेंसी के जरिए अंतरराष्ट्रीय लेन-देन
गिरोह क्रिकेट सट्टे से अर्जित अवैध राशि को क्रिप्टो करेंसी/यूएसडीटी के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय पैनल संचालकों तक पहुंचा रहा था। अब तक 46,500 यूएसडीटी (लगभग 42 लाख रुपये) क्रिप्टो वॉलेट में ट्रांसफर किए जाने की पुष्टि हुई है। मामले की जांच जारी है।
