रायगढ़ : वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में चलाए जा रहे ऑपरेशन अंकुश के तहत रायगढ़ पुलिस ने ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा नेटवर्क के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर को गिरफ्तार किया है। आरोपी सटोरियों को क्रिकेट सट्टा आईडी उपलब्ध कराने के साथ-साथ तकनीकी सहायता भी प्रदान करता था।
साइबर थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि न्यू शंकरनगर क्षेत्र में एक युवक अपने घर से ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे के लिए आईडी बनाकर बेच रहा है। सूचना के आधार पर निरीक्षक विजय चेलक के नेतृत्व में टीम ने दबिश दी और भागने का प्रयास कर रहे आरोपी आदर्श कुमार केशरी को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी बी.टेक इंजीनियर है और दिल्ली की एक आईटी कंपनी में कार्यरत है। वर्ष 2025 में वह अपने साथियों के माध्यम से ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा नेटवर्क से जुड़ा और विन बीग प्रो नामक प्लेटफॉर्म के तकनीकी संचालन का कार्य करने लगा। इसके बदले उसे 20 प्रतिशत कमीशन मिलता था।
जांच में सामने आया कि आरोपी और उसके सहयोगियों ने ऐसी विशेष वेबसाइट विकसित की थी, जिसमें क्रिकेट मैच की जानकारी टीवी प्रसारण से लगभग पांच सेकेंड पहले उपलब्ध हो जाती थी। इस तकनीक का उपयोग कर सट्टेबाज बॉल-टू-बॉल सट्टेबाजी में अनुचित लाभ हासिल करते थे।
गिरोह विभिन्न शहरों के सटोरियों को आईडी उपलब्ध कराता था तथा पुलिस से बचने के लिए वेबसाइट, यूजर आईडी और पासवर्ड लगातार बदलता रहता था। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक सैमसंग एस-23 और एक वनप्लस मोबाइल फोन जब्त किया है। मामले में छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम के तहत अपराध दर्ज कर आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी हुई है।
