रायपुर| मुंगेली की सरगांव पुलिस ने 1 करोड़ 20 लाख की ठगी करने वाले आरोपी को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया है। शनिवार को डीएसपी साधना सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले का खुलासा किया। मुंगेली जिला पुलिस के लिए ये बड़ी सफलता मानी जा रही है। आरोपी अनिल गुप्ता को गिरफ्तार कर दिल्ली से मुंगेली लाया गया है। मामला सरगांव थाना क्षेत्र के रामबोड गांव का है।
आरोपी पर हैदराबाद और पश्चिम बंगाल में भी करोड़ों की ठगी का आरोप है। मामला 6 सितंबर 2020 का है, जब राजधानी रायपुर के मोवा निवासी संजय अग्रवाल ने मुंगेली जिले के सरगांव थाने में आरोपी अनिल गुप्ता के खिलाफ FIR दर्ज कराई। उन्होंने अपनी शिकायत में बताया कि रामबोड में वासुदेव ट्रेड लिंक के अलावा वे एक और स्पंज आयरन की फैक्ट्री वहां डालना चाहते थे। इसी सिलसिले में उनकी मुलाकात अनिल गुप्ता से हुई। अनिल खुद को स्पंज आयरन प्लांट अंसुल स्टील लिमिटेड कोल्हापुर का प्रॉपराइटर बताता था। आरोपी अनिल गुप्ता ने अपना प्लांट बेचने की मंशा जाहिर की और संजय अग्रवाल से 4 करोड़ 50 लाख रुपए में डील फाइनल हो गई। जिसमें से कारोबारी संजय ने 5 किस्तों में 1 करोड़ 20 लाख रुपए एडवांस के तौर पर अनिल गुप्ता के बैंक अकाउंट में डाल दिए। 1 करोड़ 20 लाख रुपए बैंक खाते में आने के बाद से आरोपी अनिल गुप्ता प्रार्थी संजय अग्रवाल को घुमाने लगा। इसके बाद प्रार्थी ने थाना सरगांव में 6 नवंबर 2020 को अपराध पंजीबद्ध कराया।
सरगांव थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ IPC की धारा 420, 34 के तहत केस दर्ज किया। जांच में पता चला कि आरोपी किसी भी प्लांट का प्रोपराइटर नहीं है। इधर आरोपी मामला दर्ज होने के बाद से ही फरार चल रहा था। SP चंद्रमोहन सिंह ने इस मामले को गंभीरता से लिया और टीम गठित कर आरोपी को गिरफ्तार करने के निर्देश दिए। साइबर सेल की मदद से आरोपी की लोकेशन का पता लगाया गया। इसके बाद मुंगेली से टीम दिल्ली के लिए रवाना हुई।27 अक्टूबर को रेडिएंट ब्लू होटल मयूर विहार फेज़-3 दिल्ली से आरोपी अनिल गुप्ता को पकड़ा गया। सफदरजंग अस्पताल में आरोपी की मेडिकल जांच कराने के बाद उसे पटियाला हाउस कोर्ट में पेश कर ट्रांजिट रिमांड पर मुंगेली के सरगांव थाने लाया गया। शनिवार 29 अक्टूबर को डीएसपी साधना सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले का खुलासा किया। उन्होंने कहा कि आरोपी से पूछताछ की जा रही है। उन्होंने बताया कि आरोपी ने छत्तीसगढ़ के अलावा पश्चिम बंगाल के कोलकाता में 12 करोड़ 90 लाख और हैदराबाद (तेलंगाना) में 1 करोड़ 65 लाख रुपए का ठगी की है।
