रायपुर : रायपुर पुलिस ने यूपी के नोएडा में दबिश देकर फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़ किया हैं. इस रेड में पुलिस ने गाजियाबाद निवासी, अनिल कुमार, अजय तिवारी, और रिंकू सिंह को गिरफ्तार किया है. ये सभी मिलकर इंश्योरेंस पॉलिसी की मैच्योरिटी राशि दिलाने के नाम पर देश भर के लोगों से ठगी करते थे. अभी तक नोएडा के अलीशान गौर सिटी मॉल में फर्जी कॉल सेंटर चलाकर करोड़ों रुपये ऐंठ चुके थे.
महिला की आवाज निकालकर करते थी ठगी
सबसे ज्यादा चौंकाने बात तो ये है कि ये आरोपी पुरुष होने के बाद महिला की आवाज निकालकर लोगों को अपनी ठगी का शिकार बनाते थे. रायपुर कमिश्नरेट के अधिकारियों ने बताया कि, आरोपियों के खिलाफ मुजगहन थाना क्षेत्र के कांदुल निवासी परमजीत सिंह चड्ढा ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि, उसे नवंबर 2024 में अनिरुद्ध चौधरी नाम के व्यक्ति का फोन आया.
कॉलर ने कहा कि…
कॉलर ने कहा कि उनके नाम पर 98 लाख 64 हजार रुपये की बीमा पॉलिसी मैच्योर हो चुकी है. झांसा देने के लिए कॉलर ने परमजीत की बात सरला आर्या नाम की एक महिला से कराई, असल में ये कोई महिला नहीं बल्कि ठग ही महिला की आवाज निकालकर परमजीत से बात कर रहा था. प्रोसेसिंग फीस, टैक्स और एनओसी के नाम पर आरोपियों ने प्रार्थी से किश्तों में कुल 9 लाख 60 हजार रुपए ठग लिए। शक होने पर जब पीड़ित ने बैंक में दस्तावेज चेक कराए, तो पता चला कि आरबीआई के नाम पर भेजे गए सभी पेपर और डीडी फर्जी थे.
पीड़ित ने इसकी शिकायत थाने में दर्ज कराई
पीड़ित ने इसकी शिकायत तुरंत पुलिस थाने में दर्ज कराई. इसी के बाद एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट (ACCU) और मुजगहन पुलिस की टीम दिल्ली रवाना हुई. तकनीकी विश्लेषण के बाद पुलिस ने नोएडा के गौर सिटी मॉल स्थित एक ऑफिस में छापा मारा। वहां से आरोपियों को गिरफ्तार किया.
आरोपियों ने किया खुलासा
पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया है कि वे पिछले 9 महीने से इस फर्जी कॉल सेंटर का संचालन कर रहे थे। ये लोग ‘वॉइस टेम्पर’ सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल करते थे, जिससे कॉल पर इनकी आवाज पूरी तरह लड़की जैसी सुनाई देती थी और यही वजह थी कि लोग इनके झांसे में आसानी से फंस जाते थे.
